African Lion Narsinhma rescued and released today on the complaint lodged by Naresh Kadyan and Zee news.

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A nine year old Narsinha African lion was kept in very bad condition by his so called owner Rajeev Gupta of Asian circus. FIR No. 933 and 934 dated 13-8-2009 lodged with Police station Purkagi against accused who has been sent jail, where as another FIR for recovery of four trophies was also lodged against him in Muzaffarnagar - http://www.indymedia.org/or/2009/08/927996.shtml. African lion rescued on the complaint of Naresh Kadyan, representative of the International Organization for Animal Protection - OIPA in India / founder chairman, People for Animals (PFA) Haryana.

 http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttarpradesh/4_1_5705724.html
मुजफ्फरनगर। लगभग दस वर्ष से पुरकाजी के जंगल में पिंजरे में कैद अफ्रिकन बब्बर शेर नरसिम्हा को आखिरकार आजादी नसीब हो ही गई। पशुओं के हित से जुड़े अंतर्राष्ट्रीय संगठन की पहल पर यह कार्रवाई हुई है और डीएम और एसएसपी ने प्रशासनिक अमले के साथ मौके पर जाकर शेर को पिंजरे से मुक्त कराते हुए उसे वन विभाग के हवाले कर दिया है। शेर को जयपुर स्थित रेस्क्यू सेंटर भेजे जाने की तैयारी चल रही है। उधर, शेर के पालनकर्ता ने प्रशासन पर जबरदस्ती करने का आरोप लगाते हुए कोर्ट में जाने की चेतावनी दी है। एसएसपी का कहना है कि कई पहलुओं से इस मामले की जांच की जा रही है और संभव है कि शेर के कथित मालिक के खिलाफ आपराधिक मामला भी दर्ज हो।

गुरुवार की दोपहर अंतर्राष्ट्रीय पशु रक्षा अधिकार संस्था के भारतीय प्रतिनिधि नरेश कादियान दिल्ली से मुजफ्फरनगर पहुंचे और एसएसपी विजय प्रकाश और जिलाधिकारी अमृत अभिजात से मिलकर भूजाहेड़ी में बंधक बनाकर रखे गये शेर की जानकारी दी। नरेश कादियान का यह भी आरोप था कि शेर को अवैध रूप से पिंजरे में बंद रखा गया और उसके साथ बेहद अमानवीय बर्ताव किया जा रहा है। नरेश कादियान ने पेटा कानून का हवाला देते हुए कार्रवाई की मांग की। नरेश की शिकायत को दोनों अदिकारियों ने बेहद गंभीरता से लिया और वन अधिकारी राजीव अस्थाना और एसडीएम सदर व फोर्स के साथ तत्काल मौके पर पहुंच गये। अधिकारियों के आदेश पर शेर के मालिक राजीव गुप्ता को बुलाया गया। राजीव गुप्ता ने हाईकोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए शेर को अपनी वैध मिल्कियत साबित करने का प्रयास किया, परंतु अधिकारियों ने इसे अपर्याप्त बताते हुए शेर को को वन अधिकारी की देख रेख में सौंप दिया। शेर को पशु रक्षा अधिकार संस्था की मदद से जयपुर स्थित रेस्क्यू सेंटर भेजने की तैयारी चल रही है। एसएसपी विजय प्रकाश ने बताया कि राजीव गुप्ता के दावों की वन अधिकारियों द्वारा जांच पड़ताल की जा रही है। हाई कोर्ट के स्टे आर्डर भी अध्ययन किया जा रहा है। अब तक की जांच से यह साफ हो गया है कि राजीव गुप्ता ने नियम विरुद्ध ढंग से काम किया है। उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज होगा।
 http://in.jagran.yahoo.com/news/local/uttarpradesh/4_1_5708319.html
मुजफ्फरनगर। अफ्रिकन शेर को पिंजरे में बंद रखना एशियन सर्कस के मालिक को महंगा पड़ा है। पुलिस ने वन विभाग की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर उनके खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम और वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा पंजीकृत किया है और आरोपी को गिरफ्तार कर जेल रवाना कर दिया है।

अंतर्राष्ट्रीय पशु रक्षा अधिकार संस्था के सदस्य नरेश कादियान की शिकायत पर गुरुवार को डीएम अमृत अभिजात और एसएसपी विजय प्रकाश ने पुरकाजी के गांव भूजाहेड़ी के जंगल में स्थित राजीव गुप्ता (एशियन सर्कस के मालिक) के फार्म हाउस पर छापा मारा और वहां पिंजरे में बंद अफ्रिकन बब्बर शेर नरसिम्हा को मुक्त करा लिया। जिला प्रशासन का मानना है कि राजीव गुप्ता ने न केवल अफ्रिकन शेर को अवैध रूप से पिंजरे में बंद कर रखा था बल्कि उसके साथ क्रूरता पूर्ण व्यवहार भी किया है। इसी कारण पुरकाजी थाने में वन क्षेत्राधिकारी राजेन्द्र सिंह की ओर से 3/11 पशुवध क्रूरता अधिनियम और वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा पंजीकृत कराया गया है। पुलिस ने राजीव गुप्ता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। राजीव गुप्ता ने प्रशासन की तमाम कवायद को कोर्ट की अवमानना और अनावश्यक उत्पीड़न की संज्ञा देते हुए कोर्ट में लड़ाई लड़ने की बात कही है।

गौरतलब है कि एशियन सर्कस के मालिक राजीव गुप्ता के फार्म हाउस पर यह शेर पिछले आठ वर्षो से पल रहा था। केन्द्र सरकार द्वारा जंगली जानवरों का सर्कस में प्रदर्शन प्रतिबंधित करने के बाद राजीव गुप्ता ने शेर को अपने फार्म हाउस पर रख रखा था। उधर, गुरुवार को उनके फार्म हाउस से शेर बरामद होने के बाद देर रात वन विभाग ने राजीव गुप्ता के नई मंडी आवास पर छापा मारा। यहां से वन विभाग के कर्मचारियों ने नाखून रहित शेरनी की एक ट्राफी, एक पेंथर की नाखून रहित ट्राफी और पेंथर के बंच्चे की दो ट्राफियां बरामद की। इस संबंध में नई मंडी कोतवाली में क्षेत्राधिकारी वन भूदेव पंवार की ओर से भारतीय वन्य जंतु अधिनियम 1991 के तहत मुकदमा पंजीकृत कराया गया है। राजीव गुप्ता के फार्म हाउस से बरामद कराए गए अफ्रिकन शेर नरसिम्हा को शुक्रवार को जयपुर रवाना कर दिया गया। वहां रेस्क्यू सेंटर में शेर को रखा जाएगा।

 http://www.bhaskar.com/2009/08/15/0908150043_lion_free.html
लखनऊ. उत्तरप्रदेश में नरसिम्हा ने स्वतंत्रता दिवस से दो दिन पहले ही आजादी का जश्न मनाया। दरअसल यह शेर पिछले 10 साल से पश्चिमी उत्तरप्रदेश के फॉर्महाउस में कैद था और केंद्रीय वन व पर्यावरण राज्यमंत्री जयराम रमेश के हस्तक्षेप के बाद सेंट्रल जू अथॉरिटी ऑफ इंडिया (सीजेडएआई) ने इसे गुरुवार को मुक्त कराया। नरसिम्हा को अब जयपुर के चिड़ियाघर में रखा जाएगा।
सूत्रों ने बताया कि जयराम रमेश तब काफी नाराज हुए, जब उन्हें यह बताया गया कि मुजफ्फरनगर में एक कारोबारी ने नरसिम्हा को शान की खातिर पिंजड़े में कैद कर रखा है। निर्देश मिलने के बाद उत्तरप्रदेश वन विभाग के कर्मियों की एक टीम ने स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर कारोबारी राजीव गुप्ता को अवैध रूप से शेर को फॉर्महाउस में रखने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। वन विभाग के एक कर्मी ने बताया कि शेर बूढ़ा है और उसका स्वास्थ्य भी ठीक नहीं है।

e-mail:: kadyan.ipfa@gmail.com homepage:: http://www.pfaharyana.in/ phone:: 9813010595

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